एसआरएचयू और एनआईएसएम के बीच एमओयू, छात्रों को मिलेगा ग्लोबल फाइनेंशियल एक्सपोज़र। इंडस्ट्री-ओरिएंटेड ट्रेनिंग, लाइव प्रोजेक्ट्स और प्रोफेशनल सर्टिफिकेशन से छात्रों की बढ़ेगी रोजगार क्षमता।
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू), जॉलीग्रांट के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज ने वित्तीय शिक्षा और करियर उन्मुख प्रशिक्षण को नई दिशा देते हुए नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ सिक्योरिटीज मार्केट्स (एनआईएसएम) मुंबई के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। यह साझेदारी छात्रों को ग्लोबल फाइनेंशियल मार्केट्स की समझ और प्रोफेशनल स्किल्स से लैस करने की दिशा में एक अहम पहल मानी जा रही है।
एमओयू पर एसआरएचयू के रजिस्ट्रार कमांडर चल्ला वेंकटेश्वर (सेनि.) और एनआईएसएम की बरखा निगम ने हस्ताक्षर किए। इस समझौते के तहत विद्यार्थियों को डेरिवेटिव्स, म्यूचुअल फंड, इन्वेस्टमेंट एडवाइजर, रिसर्च एनालिस्ट, पोर्टफोलियो मैनेजमेंट सर्विसेज, मर्चेंट बैंकिंग और सिक्योरिटीज मार्केट्स के बेसिक्स जैसे विभिन्न प्रोफेशनल सर्टिफिकेशन कोर्सेज के माध्यम से अपने कौशल को सुदृढ़ करने में मदद मिलेगी।
इस अवसर पर एसआरएचयू के कुलपति डॉ. राजेन्द्र डोभाल ने कहा कि यह साझेदारी छात्रों को पारंपरिक शिक्षा से आगे बढ़ाकर उन्हें इंडस्ट्री-रेडी बनाएगी। उन्होंने कहा कि एनआईएसएम के साथ जुड़कर छात्रों को वित्तीय बाजारों की गहरी और व्यावहारिक समझ मिलेगी, जिससे वे बेहतर रोजगार अवसर प्राप्त करने के साथ-साथ उद्यमिता और निवेश के क्षेत्र में भी आत्मनिर्भर बन सकेंगे। आने वाले समय में यह पहल छात्रों को राष्ट्रीय ही नहीं बल्कि वैश्विक स्तर पर भी प्रतिस्पर्धी बनाएगी। इसके अतिरिक्त, फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम्स के माध्यम से विश्वविद्यालय के शिक्षकों के ज्ञान और कौशल में भी निरंतर वृद्धि होगी, जिससे शिक्षण की गुणवत्ता और अधिक सुदृढ़ होगी तथा पाठ्यक्रम को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप अद्यतन किया जा सकेगा। इस अवसर पर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज से डॉ. तरुणा गौतम, डॉ. राजनीश क्लैर और डॉ. अपूर्व त्रिवेदी भी उपस्थित रहे।



