लालतप्पड़ में श्रमिक शोषण के खिलाफ आंदोलन सातवें दिन भी जारी।
कंपनी प्रबंधन व जिम्मेदार अधिकारियों की चुप्पी पर सवाल, बड़े आंदोलन की चेतावनी।
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
लालतप्पड़ औद्योगिक क्षेत्र में यूरेका फॉर्ब्स के श्रमिक शोषण के विरोध में चल रहा आंदोलन सातवें दिन भी जारी रहा। मंगलवार को भी न तो कंपनी प्रबंधन और न ही किसी सरकारी महकमे के उच्च अधिकारी ने श्रमिकों से वार्ता की, जिससे आंदोलनरत श्रमिकों में भारी नाराजगी देखी गई।
श्रमिकों का कहना है कि बार-बार मांग उठाने के बावजूद उनकी समस्याओं को अनदेखा किया जा रहा है। कंपनी प्रबंधन और जिम्मेदार अधिकारियों की “कुंभकरणीय नींद” तोड़ने के लिए अब आंदोलन को और व्यापक रूप देने की रणनीति बनाई जा रही है। इसके तहत क्षेत्रीय जनता और जनप्रतिनिधियों के सहयोग से शासन-प्रशासन को चेताने का कार्य किया जाएगा तथा आंदोलन की नई रूपरेखा तैयार की जाएगी I
श्रमिक नेता एवं सभासद संदीप सिंह नेगी ने कहा कि श्रमिकों की जायज मांगों पर शीघ्र विचार किया जाना चाहिए। यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो श्रमिक उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी कंपनी प्रबंधन और प्रशासन की होगी।
कार्यक्रम स्थल पर श्रमिक नेता ऋषि रावत, विमल सिंह, पवन नेगी, नरेश असवाल, मुकेश कुमार, विक्रम सिंह, मोहित नेगी, विपिन नेगी सहित बड़ी संख्या में महिला श्रमिक ममता देवी, कमला देवी, संगीता देवी, प्रिवा देवी,निखिल लिंगवाल,राहुल छेत्री आदि श्रमिक मौजूद रहे।



