हाथी–गुलदार मूवमेंट पर सख्त निगरानी, संयुक्त गश्त से बढ़ा भरोसा
सत्तीवाला–सिमलास–झड़ोंदा–नागल ज्वालापुर में रातभर पेट्रोलिंग, बेहतरीन समन्वय से मानव–वन्यजीव संघर्ष रोकथाम पर फोकस।
वन विभाग की तत्परता से ग्रामीणों में बढ़ी सुरक्षा की भावना
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
हाथी और गुलदार की बढ़ती मूवमेंट के बीच लच्छीवाला रेंज का वन विभाग ग्रामीण सुरक्षा को लेकर बेहद सक्रिय हो गया है। विभाग ने हालात को गंभीरता से लेते हुए कई गांवों में संयुक्त गश्त, रियल-टाइम मॉनिटरिंग और रात की पेट्रोलिंग को व्यापक रूप से बढ़ा दिया है। इस अभियान में पूर्व ग्राम प्रधान उमेद बोरा भी टीम के साथ मौके पर मौजूद रहे, जिससे विभाग और स्थानीय समुदाय के बीच समन्वय और मजबूत हुआ है।
गश्ती टीमों ने जंगल किनारे संवेदनशील क्षेत्रों का निरीक्षण कर वन्यजीव गतिविधियों का फील्ड इनपुट जुटाया। अधिकारियों ने बताया कि विभाग की लगातार पेट्रोलिंग से मूवमेंट पूरी तरह नियंत्रण में है और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई के लिए टीमें अलर्ट मोड पर हैं।
पूर्व ग्राम प्रधान उमेद बोरा ने कहा कि वन विभाग की सक्रियता और निरंतर गश्त से ग्रामीणों में भय काफी कम हुआ है। “जैसे ही कोई मूवमेंट होती है टीम तुरंत पहुंच जाती है, इससे लोगों को सुरक्षा का भरोसा मिला है,” उन्होंने कहा।
लच्छीवाला रेंज अधिकारी मेधावी कीर्ति ने बताया कि विभाग का प्रमुख लक्ष्य सिर्फ निगरानी तक सीमित नहीं, बल्कि ग्रामीणों को जागरूक कर मानव–वन्यजीव संघर्ष की किसी भी संभावित स्थिति को रोकना है। रात की पेट्रोलिंग और गांव-स्तरीय समन्वय को और मजबूत किया गया है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद बनी रहे।
वन विभाग का कहना है कि संयुक्त गश्त व सामुदायिक सहभागिता से न सिर्फ हालात नियंत्रण में हैं, बल्कि गांवों में सुरक्षा जागरूकता भी तेजी से बढ़ रही है। यह मॉडल ग्रामीण सुरक्षा के लिए प्रभावी साबित हो रहा है।



