डोईवाला विधानसभा क्षेत्र में नदियों और खालों में आए पानी ने मचाई तबाही, लोगों में बना दहशत का माहौल।
आपदा ग्रस्त क्षेत्र का जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने किया संघन दौरा।

खुद संभाली कमान, जगह-जगह जाकर ले रहे हालात का जायज़ा।
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
लगातार हो रही मूसलाधार बरसात से क्षेत्र में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। माजरी,चाँडी भोगपुर रानीपोखरी, दाबड़ा, सिंधवाल गांव और जीवनवाला आदि गांव में भारी नुकसान की सूचना मिली है। कई बीघा जमीन जाखन नदी में आने वाले बरसाती पानी से कटकर बह गई है, वहीं हल्द्वानी के लाडवा कोर्ट क्षेत्र में मकान ढहने और पशुओं के दबने की खबर भी है।
रानीपोखरी का खेल मैदान और पेट्रोल पंप खतरे की जद में हैं। तेज बहाव में कई बिजली के पोल बह गए जिन्हें दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया गया है।
विधायक बृजभूषण गैरोला ने बताया कि आपदा प्रभावितों के लिए स्कूल और कॉलेजों में पहले से ही सभी प्रकार की व्यवस्था कर दी गई थी। तहसील प्रशासन, पुलिस प्रशासन और अन्य विभागों को पूरी तरह अलर्ट मोड पर रखा गया है।
उन्होंने खुद मोर्चा संभालते हुए जगह-जगह जाकर हालात का जायज़ा लिया और प्रभावित परिवारों से मुलाक़ात की। विधायक ने कहा कि सिम्बूवाला में फंसे परिवार को एसडीआरएफ की रेस्क्यू टीम जल्द सुरक्षित निकाल लेगी। राहत और बचाव कार्यों जनप्रतिनिधि,स्थानीय नागरिक के अलावा अधिकारी सहित प्रशासनिक टीमें लगातार सहयोग कर रही हैं।


एसडीएम अपर्णा ढोड़ीयाल ने कहा कि जिले में मौसम और संभावित आपदा को देखते हुए सभी विभागीय टीमों को अलर्ट मोड पर रखा गया है। प्रशासन हर स्थिति के लिए सतत निगरानी कर रहा है और राहत कार्यों के लिए पूरी तरह तैनात है
एसडीएम ने बताया कि विभिन्न विभागों की टीमों ने नदी-नालों और संवेदनशील क्षेत्रों का निरीक्षण कर लिया है। किसी भी आपात स्थिति में फौरन प्रतिक्रिया के लिए पुलिस और राहत दल पूरी तरह तैनात हैं। हरिद्वार देहरादून राष्ट्रीय मार्ग कुछ देर के लिए बाधित हुआ था लेकिन अब राष्ट्रीय मार्ग पर आवागमन सुचारू रूप से कर दिया गया है। एसडीएम ने आम जनता से अपील की कि वे सुरक्षित मार्गों का ही प्रयोग करें और प्रशासन की सूचनाओं का पालन करें।
एसडीएम ने कहा कि प्रशासन का लक्ष्य नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और यातायात तथा दैनिक गतिविधियों में कोई बाधा न आने देना है। जनता को हर स्थिति में सचेत और सतर्क रहने की आवश्यकता है।

तीन-तीन फुट तक घरों में घुसा पानी, लोगों का भारी नुकसान
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
सोमवार की मूसलाधार बरसात ने वार्ड नंबर 2 में तबाही मचा दी। निचले इलाकों में पानी भरने से कई घर जलमग्न हो गए। लगभग तीन-तीन फुट तक पानी घुस जाने से घरेलू सामान खराब हो गया। आपदा प्रभावितों में राजेंद्र प्रसाद रतूड़ी और अन्य कई परिवार शामिल हैं।
भारी जलभराव की सूचना पर भाजपा जिला अध्यक्ष राजेंद्र तडियाल मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और आश्वासन दिया कि प्रशासन से तुरंत राहत और सहायता दिलाई जाएगी।
वार्ड सदस्य सुरेश सैनी ने कहा कि बरसात से हुए नुकसान की जानकारी प्रशासन को भेज दी गई है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सभी प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहयोग और राहत दिलाई जाएगी। सैनी ने कहा कि भविष्य में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए स्थायी समाधान की दिशा में काम किया जाएगा।
प्रशासन के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलें जनप्रतिनिधि
आपदा की घड़ी में दिखी जनप्रतिनिधियों की सक्रियता, जिलाध्यक्ष रहे अहम भूमिका में
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
बरसात से उत्पन्न आपदा की घड़ी में जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन के साथ कंधे से कंधा मिलाकर कार्य किया। राहत और बचाव कार्यों में जनप्रतिनिधि लगातार प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करते रहे और लोगों को हरसंभव सहयोग दिया।
भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष राजेंद्र तडियाल इस दौरान अहम भूमिका में नजर आए। उनके साथ जिला मीडिया प्रभारी मनीष छेत्री, माजरी मंडल अध्यक्ष रश्मि देवी, मनोज कांबोज, विक्रम सिंह, तरसेम सिंह, सुमनलता और मनोज पाल सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने भी प्रशासनिक अधिकारियों के साथ मिलकर प्रभावित लोगों तक राहत पहुँचाने में सहयोग दिया।
जनप्रतिनिधियों का कहना रहा कि संकट की इस घड़ी में जनता को भरोसा दिलाना सबसे जरूरी है। प्रशासन और जनता के बीच समन्वय बनाकर राहत कार्यों को गति देना उनका पहला कर्तव्य है।

डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
सोमवार रात से लगातार हो रही मूसलाधार बरसात ने नगर की रफ्तार थाम दी। सुबह होते-होते बरसात का पानी मुख्य बाज़ारों से लेकर सरकारी दफ्तरों तक घुस गया। सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं और गलियों में घुटनों तक पानी भर गया।
डिग्री कॉलेज परिसर में पानी भर जाने से छात्रों का पढ़ाई करना मुश्किल हो गया। बरामदों और कक्षाओं तक पानी घुसने से विद्यार्थियों को जूते हाथ में लेकर पहुंचना पड़ा। हालात ऐसे रहे कि कई प्रोफेसर भी स्टाफ रूम और कक्षाओं के भीतर नहीं जा पाए। तहसील प्रांगण में स्थिति और बदतर रही। बारिश का पानी न केवल दफ्तर तक आया बल्कि अधिवक्ताओं के चेंबर तक भी घुस गया, जिससे फाइलें और दस्तावेज़ भीगने लगे।
नप अधिशासी अधिकारी एम.एल. शाह ने बताया कि भारी बरसात के कारण जगह-जगह पानी भर गया था। जलभराव वाले इलाकों में निकासी के लिए तुरंत टीमों को भेजा गया है। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी स्थिति न बने, इसके लिए नालों की सफाई और ड्रेनेज व्यवस्था को और दुरुस्त किया जा रहा है I
पालिका अध्यक्ष नरेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि नगर में बरसात से हुई समस्या को गंभीरता से लिया गया है। वार्ड वार स्थिति का जायजा लिया जा रहा है और जहां भी जलभराव की समस्या है, वहां त्वरित कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि आने वाले समय में नगर की जल निकासी व्यवस्था को और मजबूत बनाया जाएगा।



