केंद्रीय फैसले से खत्म हुआ विवाद, भगत सिंह राणा बेदाग घोषित।
केंद्रीय कार्यकारिणी का यह फैसला संगठन की गरिमा और सत्य की जीत है। भगत सिंह राणा
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
उत्तराखंड पूर्व सैनिक एवं अर्धसैनिक संगठन में चल रहा आंतरिक विवाद केंद्रीय कार्यकारिणी के निर्णय के साथ समाप्त हो गया। डोईवाला ब्लॉक के संस्थापक अध्यक्ष भानियावाला निवासी भगत सिंह राणा के विरुद्ध लगाए गए समस्त आरोपों को केंद्रीय स्तर की जांच में पूरी तरह निराधार पाया गया, जिसके बाद उन्हें क्लीन चिट प्रदान की गई।
केंद्रीय अध्यक्ष रघुवीर सिंह भंडारी द्वारा जारी पत्र में स्पष्ट किया गया है कि जांच के दौरान आरोपों की कोई पुष्टि नहीं हुई। केंद्रीय कार्यकारिणी ने सर्वसम्मति से निर्णय लेते हुए भगत सिंह राणा को पूर्व की भांति संगठनात्मक दायित्व सौंपने का फैसला किया है।
संगठन का कहना है कि यह निर्णय संगठन की पारदर्शिता, अनुशासन और निष्पक्षता का प्रतीक है। केंद्रीय नेतृत्व ने स्पष्ट किया कि संगठन में अनुशासन के साथ-साथ सत्य और न्याय को सर्वोपरि रखा जाता है।
पूर्व सैनिक भगत सिंह राणा ने कहा कि केंद्रीय कार्यकारिणी का यह फैसला संगठन की गरिमा और सत्य की जीत है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वे पूर्व सैनिकों, अर्धसैनिक बलों एवं वीर नारियों के सम्मान और कल्याण के लिए और अधिक सक्रियता से कार्य करते रहेंगे।



