साउथ हैम्पटन यूनिवर्सिटी के छात्रों ने जानी उत्तराखंड की संस्कृति। (उत्तराखंड की लोक संस्कृति से रूबरू हुए साउथ हैम्पटन यूनिवर्सिटी के 28 छात्र, हिंदी दिवस पर भानियावाला के जी माउंट लिट्रा स्कूल में विदेशी छात्रों का पारंपरिक स्वागत, पर्यावरण संरक्षण पर भी हुआ संवाद)
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
हिंदी दिवस के अवसर पर साउथ हैम्पटन यूनिवर्सिटी के 28 छात्रों का प्रतिनिधि दल पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में कार्य कर रही अंतरराष्ट्रीय संस्था मोलयार रिसोर्स फाउंडेशन उत्तराखंड के सहयोग से भानियावाला स्थित जी माउंट लिट्रा स्कूल पहुंचा। विद्यालय पहुंचने पर विदेशी छात्रों का पारंपरिक तरीके से टीका लगाकर स्वागत किया गया। इस दौरान विदेशी छात्रों ने विद्यालय के छात्र-छात्राओं के साथ संवाद कर भारतीय संस्कृति और उत्तराखंड की समृद्ध लोक परंपराओं को करीब से जाना।
कार्यक्रम की शुरुआत स्वागत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ हुई। विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर उत्तराखंड की लोक संस्कृति, परंपराओं और कला की झलक दिखाई। विदेशी छात्रों ने प्रस्तुतियों का आनंद लिया और भारतीय संस्कृति को लेकर अपनी जिज्ञासाएं भी साझा कीं। कार्यक्रम के दौरान दोनों देशों के छात्रों के बीच संस्कृति, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़े विषयों पर विचारों का आदान-प्रदान हुआ।
प्रतिनिधिमंडल में प्रोफेसर डॉक्टर साबू बी. पद्मदास और प्रोफेसर डॉक्टर प्रकाश चंद्र कांडपाल सहित अन्य सदस्य शामिल रहे। देवाशीष द्विवेदी ने समन्वयक के रूप में भूमिका निभाई। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को विभिन्न संस्कृतियों से परिचित कराने के साथ ही पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना रहा। छात्रों को बदलते पर्यावरण और भविष्य की चुनौतियों को लेकर सजग रहने तथा प्रकृति के संरक्षण में अपनी जिम्मेदारी निभाने का संदेश दिया गया।
स्कूल प्रबंधक डॉ. पूर्ण सिंह वर्मा ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम विद्यार्थियों को अलग-अलग संस्कृतियों को समझने और अपने ज्ञान का दायरा बढ़ाने का अवसर देते हैं। पर्यावरण संरक्षण को लेकर युवाओं में जागरूकता बढ़ाना भी समय की जरूरत है।
इस अवसर पर प्रधानाचार्य अनिल तनेजा, समीक्षा वर्मा, अमन तिवारी सहित विद्यालय के शिक्षक एवं अन्य लोग मौजूद रहे।



