मुकदमों और वाहन जब्ती के विरोध में कांग्रेसियों का आक्रोश। (मुख्यमंत्री आवास घेराव के बाद पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल, कांग्रेस ने दी बड़े आंदोलन की चेतावनी)
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
हर्रावाला आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय के छात्रों के समर्थन में कांग्रेस के मुख्यमंत्री आवास घेराव के बाद कार्यकर्ताओं पर मुकदमे और वाहनों की जब्ती का मामला गरमा गया है। पुलिस कार्रवाई के विरोध में परवादून कांग्रेस कार्यालय में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने एकजुट होकर रोष जताया। नेताओं ने सरकार पर दबाव की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि छात्रों के हित में आवाज उठाने वाले कार्यकर्ताओं को मुकदमों के जरिए डराया नहीं जा सकता। कांग्रेस ने चेतावनी दी कि कार्रवाई नहीं रुकी तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
परवादून जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल ने कहा कि सरकार के दबाव में पुलिस कांग्रेस कार्यकर्ताओं को परेशान कर रही है। उनके और अन्य कार्यकर्ताओं के खिलाफ कैंट व डोईवाला कोतवाली में मुकदमे दर्ज किए गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि घेराव में शामिल वाहनों को भी जब्त किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि डालनवाला पुलिस ने मुकेश प्रसाद के वाहन को खत्ता, डोईवाला में रोककर जब्त किया और बाद में नोटिस दिया। उन्होंने कहा कि पुलिस अधिकारियों ने कार्रवाई के पीछे ऊपर से दबाव होने की बात कही। कांग्रेस कार्यकर्ता मुकदमों से डरने वाले नहीं हैं और जरूरत पड़ी तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
ब्लॉक प्रमुख गौरव चौधरी ने कहा कि छात्रों के समर्थन में लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाना कांग्रेस कार्यकर्ताओं का अधिकार है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई उचित नहीं है और कांग्रेस छात्रों के हित की लड़ाई मजबूती से लड़ेगी।
कांग्रेस नगर अध्यक्ष करतार सिंह नेगी ने कहा कि पुलिस कार्रवाई से कांग्रेस कार्यकर्ताओं का मनोबल टूटने वाला नहीं है। संगठन पूरी तरह एकजुट है। कार्रवाई जारी रही तो कांग्रेस लोकतांत्रिक तरीके से व्यापक विरोध करेगी।
इस दौरान वरिष्ठ कांग्रेस नेता मनोज नौटियाल, गुरुद्वारा सिंह सभा अध्यक्ष गुरदीप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि ताजिंदर सिंह ताज, बीडीसी सदस्य इंद्रजीत सिंह, मंडलम अध्यक्ष तेजपाल सिंह मोंटी, बलबीर सिंह, राहुल सैनी, शार्दूल नेगी, राहुल आर्य, विवेक सैनी और स्वतंत्र बिष्ट समेत कई कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।



