समय की पाबंदी और नियमों का पालन विद्यार्थियों के लिए जरूरी। प्रधानाचार्य अंकित डोबरियाल (परीक्षाओं से पहले विद्यालय प्रबंधन ने विद्यार्थियों को अनुशासन और पढ़ाई के प्रति गंभीर रहने की दी हिदायत)
डोईवाला (राजेंद्र वर्मा):
पब्लिक इंटर कॉलेज में विद्यार्थियों के अनुशासन और पढ़ाई को लेकर विद्यालय प्रबंधन ने सख्त रुख अपनाया है। कुछ विद्यार्थियों के देरी से विद्यालय पहुंचने और बार-बार मना करने के बावजूद मोबाइल फोन लाने की शिकायतों को लेकर प्रबंधन ने विद्यार्थियों को अनुशासन का महत्व समझाया। इस दौरान कुछ अभिभावकों ने विद्यालय की कार्रवाई पर आपत्ति भी जताई। बैठक में विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य भी मौजूद रहे।
प्रबंधन समिति के सदस्य गुरदीप सिंह प्रधान ने कहा कि बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए विद्यालय में अनुशासन बेहद जरूरी है। समय की पाबंदी, नियमों का पालन और नियमित पढ़ाई विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों के हित में अभिभावकों और विद्यालय प्रबंधन को मिलकर काम करना चाहिए।
प्रधानाचार्य अंकित डोबरियाल ने कहा कि विद्यालय की प्रगति और विद्यार्थियों के बेहतर भविष्य के लिए अनुशासन जरूरी है। 26 अक्तूबर से परीक्षाएं शुरू होने वाली हैं, लेकिन कई विद्यार्थियों ने अभी तक अपना कार्य पूरा नहीं किया है। पढ़ाई-लिखाई में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि विद्यालय आने का समय हो या मोबाइल फोन के इस्तेमाल का मामला, विद्यार्थियों को विद्यालय के निर्धारित नियमों का पालन करना होगा। अनुशासन का उद्देश्य बच्चों को परेशान करना नहीं, बल्कि उन्हें पढ़ाई के प्रति गंभीर और जिम्मेदार बनाना है।



