Blog

डोईवाला प्रेस क्लब ने “डिजिटल युग में भी अडिग है हिंदी पत्रकारिता की साख” विषय पर की गोष्ठी।

जनसरोकार की भावना आज भी पत्रकारिता की आत्मा है। वर्मा

खबर को सुनें

डोईवाला देहरादून (राजेंद्र वर्मा):
हिंदी पत्रकारिता दिवस की पूर्व संध्या पर डोईवाला प्रेस क्लब द्वारा एक बौद्धिक गोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें “डिजिटल युग में भी अडिग है हिंदी पत्रकारिता की साख” ‘विषय पर क्षेत्र के तमाम पत्रकारों ने अपने प्रखर विचार साझा किए।

गोष्ठी की अध्यक्षता प्रेस क्लब के अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने की, जबकि कुशल संचालन वरिष्ठ पत्रकार रजनीश सैनी द्वारा किया गया।

गोष्ठी को संबोधित करते हुए प्रेस क्लब के पूर्व अध्यक्ष राजेंद्र वर्मा ने कहा कि पत्रकारिता का मूल स्वरूप और इसके नैतिक मूल्य आज भी वही हैं जो इसके उद्गम काल में थे, भले ही समय के साथ तकनीकी और बाहरी तौर पर कुछ परिवर्तन हुए हों लेकिन जनसरोकार की भावना आज भी पत्रकारिता की आत्मा है।
वरिष्ठ पत्रकार क्लब के पूर्व अध्यक्ष प्रीतम वर्मा ने पत्रकारों की एकजुटता पर बल देते हुए कहा कि पत्रकारों का आपसी समन्वय ही हमें सच्ची पत्रकारिता के ध्येय को प्राप्त करने में संबल प्रदान करता है और इसी सामूहिक चेतना से हम निष्पक्षता को जीवित रख सकते हैं।

तकनीकी बदलावों पर बात करते हुए वरिष्ठ पत्रकार रजनीश सैनी ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसी तकनीकें कितनी भी उन्नत क्यों न हो जाएं, वे मानव मस्तिष्क और जमीनी संवेदना का विकल्प नहीं बन सकतीं;

सोशल मीडिया पर खबरों की बाढ़ के बीच आज भी पाठक प्रामाणिकता और पुष्टि के लिए प्रिंट मीडिया तथा पुराने भरोसेमंद पत्रकारों की लेखनी पर ही विश्वास करते हैं।

वरिष्ठ पत्रकार महेंद्र सिंह चौहान ने हिंदी पत्रकारिता के गौरवशाली और संघर्षपूर्ण इतिहास को याद करते हुए कहा कि आज भले ही सोशल मीडिया का चलन बढ़ रहा हो, लेकिन हिंदी पत्रकारिता आम जनमानस के बीच एक मजबूत स्तंभ के रूप में स्थापित है और समाज में इसकी साख आज भी पूरी तरह अडिग है।

गोष्ठी में महिला इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पत्रकार आरती वर्मा ने आधी आबादी की सशक्त भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि हिंदी पत्रकारिता के फलक पर महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण हो चुकी है और राष्ट्रीय स्तर के चैनलों से लेकर स्थानीय मीडिया तक महिलाएं हर मोर्चे पर अपनी धारदार पत्रकारिता का लोहा मनवा रही हैं।

संगठन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए वरिष्ठ पत्रकार विजय शर्मा ने कहा कि पत्रकारों की एकजुटता हमें विपरीत परिस्थितियों में भी सच्चाई के मार्ग पर आगे बढ़ने का साहस देती है, इसलिए सभी को संगठन के माध्यम से आगे बढ़ना चाहिए।

युवा पत्रकार ऋतिक अग्रवाल ने नई पीढ़ी की ऊर्जा का जिक्र करते हुए कहा कि हिंदी पत्रकारिता में आ रहे नए और ऊर्जावान युवा इसे आधुनिक बना रहे हैं, जिन्हें क्षेत्र की बारीकियां सीखने के लिए वरिष्ठ पत्रकारों के अनुभवों और मार्गदर्शन में सदैव अग्रगामी होना चाहिए।

गोष्ठी के समापन पर डोईवाला प्रेस क्लब के अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने सभी आगंतुक पत्रकारों को हिंदी पत्रकारिता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रेस क्लब केवल खबरों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पत्रकारिता के स्तर को बनाए रखने और इसके संवर्धन के लिए समय-समय पर रचनात्मक व वैचारिक कार्यक्रम आयोजित करता रहा है और निष्पक्षता ही हमारा एकमात्र संकल्प है।

गोष्ठी में उपस्थित सभी पत्रकारों ने एक सुर में पत्रकारिता की गरिमा को अक्षुण्ण रखने और समाज के अंतिम व्यक्ति की आवाज को मुख्यधारा में लाने का संकल्प लिया।

इस अवसर पर गोष्ठी में राजेंद्र वर्मा, प्रीतम वर्मा, रजनीश सैनी, महेंद्र सिंह चौहान, आरती वर्मा, विजय शर्मा, ऋतिक अग्रवाल एवं संजय अग्रवाल, पवन सिंघल, प्रियंका सैनी आदि पत्रकारगण उपस्थित रहे

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button